विशेषण की अवस्था :–
विशेषण की मुख्यतः तीन अवस्था होती है, जो निम्नवत् है–
- मूल–अवस्था विशेषण
- उत्तर–अवस्था विशेषण
- उत्तम–अवस्था विशेषण
1. मूलावस्था विशेषण –
विशेषण की ऐसी अवस्था जिसमें किसी एक संज्ञा/सर्वनाम की तुलना किसी अन्य संज्ञा/सर्वनाम के साथ नहीं की जाती, उसे मूलावस्था विशेषण कहते हैं।
जैसे– विभाती डरपोक है।, लक्ष्मी चंचल है।, वह मायूस लड़का है।, ऋषिकेश साहसी है।
- उपर्युक्त सारे उदाहरणार्थ वाक्य में रेखांकित शब्द मूलावस्था विशेषण हैं।
- मूलावस्था विशेषण में विशेषण शब्द अपने मूल रूप में होते हैं।
2. उत्तरावस्था विशेषण –
विशेषण की ऐसी अवस्था जिसमें किसी एक संज्ञा/सर्वनाम की तुलना किसी अन्य संज्ञा/सर्वनाम के साथ की जाती है, उसे उत्तरावस्था विशेषण कहते हैं।
उदाहरण– राम श्याम से अधिक बुद्धिमान है।
गोवा में बिहार से कम आबादी है।
माउंट एवरेस्ट कुतुब मीनार से ऊंचा है।
अजमेर से ज्यादातर मेहनती मजदूर कटिहार में है। आदि।
- उपर्युक्त सारे उदाहरणार्थ वाक्य में रेखांकित शब्द उत्तरावस्था विशेषण हैं।
मुलावस्था से उत्तरावस्था विशेषण बनाने के नियम–
"तर" प्रत्यय द्वारा –
मूलावस्था विशेषण के साथ "तर" प्रत्यय जोड़ देने पर बना नया शब्द उत्तरावस्था विशेषण होता है।
जैसे– ज्यादा – ज्यादातर, अधिक – अधिकतर, उच्च – उच्चतर, लघु – लघुतर, गुरु – गुरुतर आदि।
- उपर्युक्त उदाहरणार्थ में बिना रेखांकित वाले शब्द मूलावस्था विशेषण है जबकि रेखांकित शब्द उत्तरावस्था विशेषण के उदाहरण हैं।
"से" पद द्वारा –
मूलावस्था विशेषण के ठीक पहले "से" पद लगा देने पर बना नया शब्द उत्तरावस्था विशेषण होता है।
जैसे– अधिक – से अधिक, कम – से कम, उच्च – से ऊंचा, डरपोक – से डरपोक, चालाक – से चालाक आदि।
- उपर्युक्त उदाहरणार्थ में बिना रेखांकित वाले शब्द मूलावस्था विशेषण है जबकि रेखांकित शब्द उत्तरावस्था विशेषण के उदाहरण हैं।
3. उत्तमावस्था विशेषण –
विशेषण की ऐसी अवस्था जिसमें किसी एक संज्ञा/सर्वनाम की तुलना सभी संज्ञा/सर्वनाम के साथ की जाती है, उसे उत्तमावस्था विशेषण कहते हैं।
उदाहरण– जिराफ सबसे लंबा पशु है।
भारत की सबसे लंबी नहर इंदिरा गांधी नहर है।
- उपर्युक्त उदाहरणार्थ वाक्य में रेखांकित शब्द उत्तम अवस्था विशेषण हैं।
उत्तरावस्था से उत्तमावस्था विशेषण बनाने के नियम–
(i) "सबसे" का प्रयोग द्वारा–
विशेषण शब्द से ठीक पहले "सबसे" का प्रयोग कर उत्तमावस्था विशेषण बनाया जाता है।
जैसे– सबसे ऊँचा, सबसे ज्यादा, सबसे छोटा, सबसे चौड़ा, सबसे मोटा आदि।
(ii) "तम" प्रत्यय द्वारा –
मूलावस्था विशेषण के साथ "तम" प्रत्यय जोड़ देने पर बना नया शब्द "उत्तमावस्था विशेषण" होता है।
जैसे– अधिक–अधिकतम, उच्च–उच्चतम, लघु–लघुतम, निम्न–निम्नतम, बहु–बहुतम, मृदु–मृदुतम आदि।
- उपर्युक्त उदाहरणार्थ में बिना रेखांकित वाले शब्द मूलावस्था विशेषण है जबकि रेखांकित शब्द उत्तमावस्था विशेषण के उदाहरण हैं।
मूलावस्था,उत्तरावस्था एवं उत्तमावस्था विशेषण के उदाहरण–
{नमस्कार प्रिय पाठकों मुझे उम्मीद है कि ये लेख आपको अच्छे लगे होंगे यदि अच्छे लगे हों तो इसे अन्य पाठकों के साथ अवश्य साझा ( share ) करें.} धन्यवाद...
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